सिरमौर । रेणुका जी विधानसभा क्षेत्र में पिछले लंबे समय से भाजपा का राजनीतिक खालीपन बना हुआ है। यहां हृदय राम की उप चुनावों में जीत के अलावा भाजपा कभी बड़ा जनाधार खड़ा नहीं कर पाई। राजनीतिक खालीपन के दौर में श्री रेणुका जी भाजपा में नारायण सिंह के रूप में सशक्त उम्मीदवार उभर रहा है। मिलनसार स्वभाव के मृदुभाषी नारायण सिंह भाजपा आला कमान में अच्छी पैठ रखते हैं और जनता के चहेते बनते जा रहे हैं। लिहाजा इस बार भाजपा से नारायण सिंह की टिकट पर दावेदारी पुख्ता मानी जा रही है।
चुनाव के समय नेता अमूमन टिकट के लिए दिल्ली और शिमला की दौड़ लगाते देखे जा सकते हैं। मगर श्री रेणुका जी क्षेत्र से भाजपा नेता नारायण सिंह ऐसे नेता हैं जो खुद के लिए टिकट नहीं मांग रहे हैं, बल्कि क्षेत्र की जनता उनके लिए टिकट मांग रही है। नारायण सिंह हालांकि राजनीतिक पृष्ठभूमि से नहीं आते मगर जनसेवा के उनके जज्बे के चलते श्री रेणुका जी क्षेत्र की जनता उन्हें जननायक के तौर पर देखना चाहती है। यही कारण है कि क्षेत्र के लोग उन पर चुनाव लड़ने के लिए दबाव बना रहे हैं। दरअसल श्री रेणुका जी क्षेत्र में हृदय राम की एक जीत को छोड़कर भाजपा का कोई नेता बड़े जनाधार के साथ नहीं उभर पाया। इसका कारण वहां क्षेत्रीय नेताओं की आपसी गुटबाजी रही है। ऐसे में क्षेत्र के भाजपा कार्यकर्ता ऐसे नेता की तलाश में थे जो सभी को साथ लेकर चल सके और क्षेत्र की जनता में उसकी स्वीकार्यता हो।
नारायण सिंह पिछले 4 वर्षों से भाजपा में प्रदेश एससी मोर्चा में जुड़े हुए हैं। इससे पहले वह भारतीय जीवन बीमा निगम यानी एलआईसी में बतौर एडीओ सेवारत रहे। उन्होंने जन सेवा के लिए पद से त्यागपत्र दिया और भाजपा में बतौर कार्यकर्ता क्षेत्र की जनता के बीच जुट गए। यही कारण है कि बिना किसी बड़े पद और बड़ी पहुंच के नारायण सिंह क्षेत्र में बतौर भाजपा उम्मीदवार पहली पसंद बनकर उभरे हैं। राजनीति के जानकारों का मानना है कि मौजूद कांग्रेस विधायक को सिर्फ नारायण सिंह ही टक्कर दे सकते हैं और उन्हें पछाड़ सकते हैं।
रेणुका जी विधनासभा क्षेत्र से सशक्त उम्मीदवार बन कर उभर रहे नारायण सिंह, भाजपा के टिकट पर प्रबल दावेदार

More Stories
हिमाचल में पंचायती राज चुनावों का ऐलान,3754 पंचायतों में कुल 31,182 पदों के लिए 3 चरणों में होगा मतदान, आदर्श चुनाव आचार संहिता लागू।
KNH से गायनी वार्ड शिफ्ट करने के विरोध में डॉक्टर भी उतरे। सरकार के एडवाइजर पर सवाल।
वर्मा ज्वैलरी प्रदर्शनी में विविध भारतीय आभूषणों की झलक, सांस्कृतिक धरोहर को मिला बढ़ावा: प्रतिभा सिंह